आईजीआई एयरपोर्ट पर ड्रोन से आतंकी हमले की आशंका

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नई दिल्ली
आतंकी अत्याधुनिक तकनीक का प्रयोग हमले में कर रहे हैं। वेनेजुएला में गत दिनों राष्ट्रपति निकोलस मादुरो के भाषण के दौरान ड्रोन से हमला किया गया। वह बाल-बाल बच गए थे, लेकिन सात सैनिक घायल हो गए। ड्रोन से आतंकी हमले की आशंका भारत में भी जताई जा रही है। इंदिरा गांधी अंतरराष्ट्रीय एयरपोर्ट (आइजीआइ) पर ड्रोन देखे जाने की घटनाएं अक्सर सामने आती हैं। इसकी शिकायत पुलिस सहित अन्य सुरक्षा एजेंसियों से की जाती है, लेकिन आज तक न तो देखे गए किसी भी ड्रोन का पता चल सका और न ही उसे उड़ाने वाले के बारे में कोई जानकारी मिली। गत वर्ष आइजीआइ एयरपोर्ट पर एक पायलट ने ड्रोन देखा था। उससे सूचना मिलने के बाद सुरक्षा कारणों से तीनों रनवे बंद कर दिए गए थे। इस दौरान 45 मिनट तक एयरपोर्ट पर विमानों का आवागमन रोक दिया गया था। बाद में ड्रोन की तलाश शुरू की गई, लेकिन उसका पता नहीं चल सका। विमानन क्षेत्र में एक छोटी सी लापरवाही विमान को उड़ता हुआ ताबूत बना सकती है, इसलिए हवाई यातायात के दौरान खतरनाक साबित होने वाले ड्रोन को ध्वस्त करने के नियमों में बदलाव किए गए। यह तय किया गया कि एयरपोर्ट एरिया में ड्रोन देखे जाने पर ही उसे गोली से ध्वस्त कर दिया जाए। आइजीआइ एयरपोर्ट से रोजाना करीब एक हजार विमानों का संचालन होता है और डेढ़ लाख लोग यात्रा करते हैं। आतंकी संगठन एयरपोर्ट सहित मेट्रो स्टेशनों पर वारदात करने की फिराक में रहते हैं। खुफिया एजेंसियों को इनपुट मिले हैं कि आतंकी ड्रोन या हल्के स्वचालित विमान से हमला कर सकते हैं।