भारत पहले किसी को छेड़ता नहीं, कोई छेड़े तो उसे छोड़ता नहीं : मोदी

img

नई दिल्ली
देश की पहली परमाणु पनडुब्बी आइएनएस अरिहंत ने सोमवार को अपना पहला गश्ती अभियान पूरा कर लिया। पीएम मोदी ने इस ऐतिहासिक उपलब्धि पर इसे देश को धनतेरस का उपहार करार दिया है। उन्होंने आइएनएस अरिहंत को देश की रक्षा के लिए एक बड़ी उपलब्धि बताया। पीएम मोदी ने अरिहंत का अर्थ बताते हुए कहा, अरिहंत का अर्थ है, दुश्मन को खत्म कर देना। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि आइएनएस अरिहंत देश के सवा सौ करोड़ लोगों के लिए सुरक्षा की गारंटी जैसा है। यह हमारे लिए बहुत बड़ी उपलब्धि है। यह भारत के दुश्मनों और शांति के दुश्मनों के लिए ओपन चैलेंज है कि अब वो कोई दुस्साहस दिखाने की कोशिश न करें। यह न्यूक्लियर ब्लैकमेलिंग को जवाब है। पीएम मोदी ने पाकिस्तान और चीन पर बिना नाम लिए हमला बोलते हुए कहा, हमारे पड़ोसी देशों में परमाणु हथियारों की बढ़ोतरी के बीच देश में विश्वसनीय परमाणु क्षमता बहुत जरूरी है। अरिहंत के जरिए हम आने वाली चुनौतियों से निपटारा करने में सक्षम होंगे और दुश्मन को करारा जवाब दे सकेंगे। पीएम मोदी ने कहा कि आज हर एक भारतीय का सिर एक बार फिर गर्व से ऊंचा हो जाता है। अरिहंत से जुड़े दल को मैं इसके सफल परीक्षण के लिए बहुत-बहुत बधाई देता हूं। देश की सुरक्षा के लिए आपने अपने अभियान को पूरा किया। साथ ही उन्होंने यह भी कहा कि न्यूक्लियर ट्राइएंगल की स्थापना पर मुझे पूर्व राष्ट्रपति अब्दुल कलाम और पूर्व पीएम अटल बिहारी वाजपेयी बहुत याद आते हैं। पीएम ने आगे कहा कि आने वाले दिनों में अरिहंत भारत के लिए एक महत्वपूर्ण उपलब्धि होगी। उन्होंने कहा, भारत पहले किसी को छेड़ता नहीं, लेकिन कोई भारत को छेड़े तो उसे वो छोड़ता भी नहीं। हमारा प्रमाणु प्रसार आक्रमण का हिस्सा तो नहीं है, लेकिन यह देश के लिए सुरक्षा का उपकरण जरूर है। शांति, सुरक्षा और स्थिरता के लिए हमारी परमाणु क्षमता बहुत महत्व रखती है। अब तक भारत विश्व शांति के लिए सबसे आगे रहा है और आगे भी रहेगा। पूरा विश्व जानता है और उन्हें भरोसा भी है कि भारत एक जिम्मेदारी परमाणु हस्ती है। भारत की इस उपलब्धि पर रक्षामंत्री निर्मला सीतारमण ने ट्वीट करते हुए बधाई दी, उन्होंने ट्विटर पर लिखा, आइएनएस अरिहंत की पहली गश्त अभियान पूरा करने के साथ ही भारत दुनिया के रणनीतिक देश जो कि परमाणु पंडुब्बियों का निर्माण और संचालन कर सकते हैं उनकी कतार में खड़ा कर दिया। 

whatsapp mail