परिवहन अधिकारी सुनिश्चित करे स्कूल की बसे नियमानुसार चले : सिंह

img

अलवर
राजस्थान राज्य बाल अधिकार संरक्षण आयोग के सदस्यों ने आज बाल अधिकार एवं संरक्षण के संबंध में जिला परिषद सभागार में संबंधित अधिकारियों की बैठक ली। बाल संरक्षण समिति के सदस्य शिवपाल सिंह ने बताया कि बाल अधिकारों को लेकर लोगों को सम्वेदनशील बनाकर जन जागरूकता पैदा करना, बाल संरक्षण प्रणाली को सुदृढ करना एवं बाल सुरक्षा के लिए बेहत्तर क्रियान्वयन करना है। उन्होंने कहा कि बाल कल्याण के क्षेत्रा में कार्यरत सरकारी विभाग स्वयंसेवी संस्थाएं एवं सामाजिक कार्यकर्ता समन्वय स्थापित कर तत्परता से कार्य करे जिससे बालकों के अधिकारों की रक्षा हो सके। उन्होंने बाल कल्याण से जुडी योजनाओं का क्रियान्वयन बेहत्तर तरीके से कराने, मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी को माल न्यूट्रिशन वार्ड की उपखण्ड वार जानकारी प्राप्त कर अतिकुपोषित बच्चों पर ज्यादा ध्यान देने पर जोर दिया। उन्होंने जिले के औद्योगिक क्षेत्रों में बाल श्रम पर प्रभावी कार्यवाही करने के बारे में कहा। उन्होंने कहा कि सर्वोच्च न्यायालय की गाइड लाईन के अनुरूप जिले के राजकीय व गैर राजकीय बाल गृहों एवं आश्रय स्थलों का संचालन कराना सुनिश्चित करे। आयोग की सदस्यमती साधना सिंह ने आंगनबाडियों में वितरित किए जाने वाले पूरक पोषाहार की गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखने तथा जिन केन्द्रों पर पोषाहार वितरित नहीं हो रहा है वहां तुरन्त प्रारम्भ करने के निर्देश दिये। आयोग की सदस्यमती उमा रत्नू ने पोषाहार में वितरित की जा रही पंजीरी के पेकेटों पर निर्माण एवं समाप्ति अवधि अंकित कराने तथा महिला दुग्ध समितियों का सरकारी विद्यालयों में बकाया दूध का भुगतान कराने के लिए जिला शिक्षा अधिकारी को निर्देश दिये। उन्होंने जिला शिक्षा अधिकारी से कहा कि एक सप्ताह में कार्य योजना बनाकर जिले के शिक्षाविदों की बाल संरक्षण के संबंध में कार्यशाला आयोजित करावे इसका बजट बाल संरक्षण आयोग द्वारा वहन किया जाएगा। बैठक में अतिरिक्त जिला कलक्टर शहर अरविंद सेंगवा ने बताया कि जिला प्रशासन बाल संरक्षण से संबंधित सभी विभागों को आवश्यक सहयोग निरन्तर प्रदान करता है। साथ ही इन विभागों की प्रभावी मॉनिटरिंग कर रहा है। उन्होंने मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी को निर्देश दिये कि अन्नपूर्ण दुग्ध योजना के तहत सरकारी विद्यालयों में वितरित किए जाने वाले दूध का जिले के किसी भी ब्लॉक के किसी भी स्कूल का औचक सेम्पल लेवे। उन्होंने जिला परिवहन अधिकारी को निर्देश दिये कि सुनिश्चित करे कि प्राइवेट स्कूलों की बसें नियमानुसार संचालित होवे साथ ही विभाग के नियमानुसार बस पर जानकारी अंकित होवे। उन्होंने जिला शिक्षा अधिकारी को इस संबंध में प्राइवेट विद्यालयों का निरीक्षण करने के निर्देश दिये। उन्होंने आयोग के सदस्यों को विश्वास दिलाया कि बैठक में दिए गए निर्देशों की पालना समयबंद्ध रूप में कराई जाएगी। बैठक में समेकित बाल संरक्षण योजना, शिक्षा विभाग, चिकित्सा विभाग, पुलिस विभाग, श्रम विभाग, चाइल्ड लाईन, बाल कल्याण समिति, किशोर न्याय बोर्ड, बाल अधिकारिता विभाग, बाल गृहों, जिला बाल संरक्षण इकाई के द्वारा बाल संरक्षण के लिए किए जा रहे प्रयासों पर विस्तार से चर्चा की गई।