जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक आयोजित

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भरतपुर
बुधवार को जिला कलेक्ट्रेट सभागार में दोपहर 12 बजे जिला स्वास्थ्य समिति की बैठक आयोजित की गई जिसकी अध्यक्षता जिला कलक्टर संदेश नायक द्वारा की गई। जिसमें विभाग की समस्त योजनाओं की प्रगति समीक्षा की गई। जैसे, भामाषाह स्वास्थ्य बीमा योजना, परिवार कल्याण, टीकाकरण, नि:शुल्क दवा योजना, जननी सुरक्षा योजना, शुभलक्ष्मी योजना, राजश्री योजना, शिशु मृत्यु एवं मातृ मृत्यु समीक्षा, मौसमी बीमारी, पीसीपीएनडीटी, आशा, राजसंगम आदि की समीक्षा की गई। राजश्री योजना की विस्तृत समीक्षा करते हुए सभी को निर्देशित किया कि राजश्री योजना की प्रथम किस्त सभी को शत-प्रतिशत मिलनी चाहिए। साथ ही राजश्री योजना की द्वितीय किस्त का जो भी बकाया भुगतान है सभी को भुगतान करना सुनिश्चित किया जाए। इसके भुगतान में जो गेप चल रहा है वह अविलम्ब इसको पूर्ण करवाया जाना सुनिष्चित करावे। साथ ही आषा चयन, आशा भुगतान एवं राजसंगम की प्रगति की विस्तार से समीक्षा की।उन्होंने भामाशाह स्वास्थ्य बीमा योजना की विस्तृत समीक्षा करते हुए प्रगति में सुधार लाने एवं कम उपलब्धि वाले चिकित्सा संस्थानों को अपनी प्रगति में सुधार लाने हेतु निर्देशित किया गया। साथ ही एश्योंरेंस कम्पनी द्वारा जो भी क्वेरी लगाई जाती है उसका जवाब समय पर दिये जाने, तथा 48 घंटे में टीआईडी जनरेट करने हेतु निर्देशित किया गया।उन्होंने कहा कि जिले की सभी पीएचसी पर प्रसव होने चाहिए। विशेषकर जिले की जो भी आदर्श पीएचसी हैं उन पर तो शत-प्रतिशत प्रसव होने चाहिए। आगामी बैठक तक नई पीएचसी को छोडकर सभी पीएचसी पर प्रसव करवाना सुनिश्चित करावे।अतिरिक्त मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ने सभी बीसीएमओ को निर्देशित किया कि अपने कार्मिकों को लक्ष्य आवंटित करते हुए निर्देशित करें कि वे अधिक से अधिक संख्या में नसबंदी करवाने हेतु लाभान्वितों को प्रोत्साहित करें साथ ही पुरूष नसबंदी को प्राथमिकता से ले।
ते हुए पुरूषों को भी नसबंदी करवाने हेतु प्रोत्साहित करें। पुरूष नसबंदी दिवस हेतु प्रत्येक खण्ड को कम से कम 5 पुरूष नसबंदी का लक्ष्य आवंटित करते हुए करवाने हेतु निर्देषित किया गया। साथ ही सभी चिकित्सा संस्थानों पर होने वाले प्रसव का 30 प्रतिषत तक पीपीआईयूसीडी निवेषन सुनिष्चित करावे। साथ ही 25 सितम्बर से आयोजित किए जा रहे सास-बहू सम्मेलन का भी आमुखीकरण किया तथा निर्देषित किया गया कि सभी गांवों में निर्धारित गाइडलाइन अनुसार सास-बहू सम्मेलन करवाया जाना सुनिष्चित करें।
विष्व स्वास्थ्य संगठन की एसएमओ डॉ0 रिचा ने सभी खण्ड मुख्य चिकित्सा अधिकारियों को निर्देषित किया कि टीकाकरण, के प्राप्त लक्ष्यों को समय पर पूर्ण करने तथा सभी जीवित जन्मों को बीसीजी जन्म डोज देने, ड्रोप आउट को कम करने तथा माइक्रोप्लान अनुसार टीकाकरण करने, एएफपी केस की रिपोर्ट करने हेतु कहा गया। जिला कार्यक्रम प्रबंधक कौशल कुमार ने एएनसी पंजीकरण के समय ही प्रसूता का बैंक एकाउण्ट नम्बर, आधार कार्ड, भामाषाह कार्ड नम्बर आदि पीसीटीएस में दर्ज करने, आषा सॉफट के माध्यम से आषाओं को होने वाले भुगतान को समय पर पूर्ण करने, प्रसूता को देय ऑनलाइन प्रोत्साहन राषि में गेप को जल्द ही पूर्ण करने हेतु कहा गया। जननी सुरक्षा योजना, षिषु मृत्यु एवं मातृ मृत्यु समीक्षा, पीसीपीएनडीटी, मौसमी बीमारियों की विस्तार से समीक्षा की तथा सभी खण्ड मुख्य चिकित्सा अधिकारियों को योजनाओं की प्रगति को समय पर पूर्ण करने एवं सही रूप से क्रियान्वित करने हेतु निर्देषित किया गया। मौसमी बीमारियों पर विषेष ध्यान- मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी ने सभी खण्ड मुख्य चिकित्सा अधिकारियों को मलेरिया, चिकनगुनिया एवं डेंगू एवं मौसमी बीमारियों पर सतत् निगरानी रखने हेतु निर्देषित किया गयां साथ ही मलेरिया नियंत्रण हेतु रक्त पट्टिका संचयन एवं एंटी लार्वा एक्टिविटी तथा फोगिंग करवाने तथा किसी भी आपात स्थिति से निपटने हेतु सभी खण्डों में रेपिड रेस्पोंस टीम (आर.आर.टी.) को मुस्तेद रखे जाने निर्देष किया गया। एलएचवी/एएनएम/एमपीडब्ल्यू अपने क्षेत्र में प्रतिदिन भ्रमण कर मॉनिटरिंग करना सुनिष्चित करने हेतु निर्देषित किया गया। बैठक में चिकित्सा विभाग के जिला एवं खण्ड स्तरीय अधिकारियों के अतिरिक्त षिक्षा विभाग, महिला एवं बाल विकास विभाग, सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग, उपखण्ड अधिकारी, जन सम्पर्क विभाग, आयुर्वेद विभाग, सांख्यिकी विभाग आदि के अधिकारियों ने भाग लिया।