बालिकाओं के प्रति रूढि़वादी सोच बदलने की जरूरत : नेहा गिरि

img

धौलपुर
उड़ान कार्यक्रम के तहत चिकित्सा एवं स्वास्थ्य तथा शिक्षा अधिकारियों की बैठक का आयोजन जिला कलेक्टर नेहा गिरि की अध्यक्षता में जिला कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में किया गया। कार्यक्रम में किशोरावस्था से संबंधित समस्याओं एवं विभिन्न बिंदुओं पर चर्चा की गई। साथ ही परिवार नियोजन तथा अंतरा इंजेक्शन के संबंध में भी विस्तार से चर्चा की गई। कार्यक्रम के दौरान उड़ान प्रोजेक्ट डायरेक्टर डॉ. आशीष मुखर्जी ने प्रेजेंटेशन के माध्यम से उड़ान प्रोजेक्ट के अंतर्गत होने वाले किशोर -किशोरियों के लिए कार्यक्रम के बारे में अवगत करवाया। उन्होंने बताया उड़ान प्रोजेक्ट के माध्यम से विद्यालयों में कैम्प आयोजित कर किशोर-किशोरियों के शारीरिक एवं मानसिक समस्याओं की काउंसलिंग की जाती है। प्रवेश, छात्रावृत्ति तथा वित्तीय साक्षरता देने का कार्य किया जा रहा है। 
इस दौरान जिला कलेक्टर ने बालिकाओं को मिलने वाली छात्रावृत्ति का उपयोग उन्हीं की पढ़ाई एवं आवश्यकता पर करवाए जाने पर जोर दिया। उन्होंने निर्देश देते हुए कहा कि स्कूल जाने वाली बच्चियों के लिए सरकार की योजनाओं और सुविधाओं को बताए जाने के लिए सुविधा केंद्र सभी सरकारी कार्यालयों में स्थापित करने की आवश्यकता है। उन्होंने शिक्षा विभाग के अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा की ज्यादा से ज्यादा बच्चों को उजाला क्लिनिक और हेल्पलाइन नंबर के बारे में अवगत कराएं जिससे कि वह अपनी समस्याओं का समाधान कर सके। बैठक के दौरान मुख्य चिकित्सा स्वास्थ्य अधिकारी ने उपस्थित प्रतिभागियों का आभार व्यक्त करते हुए चिकित्सा विभाग की तरफ से हर संभव मदद का भरोसा दिलाया। जिससे उनकी समस्याओं का समाधान हो सके। उन्होंने बालिकाओं के प्रति रूढि़वादी मानसिकता को भी तोडऩे की जरूरत बताई। कार्यक्रम के दौरान उप मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. चेतराम मीणा, सचिन कोठारी डीपीएम शशांक वशिष्ठ, तन्मय राज, कविता चौहान तथा विभिन्न सहयोगी संस्थाओं के प्रतिनिधि उपस्थित रहे। उन्होंने उजाला क्लिनिक में किशोर-किशोरियों दोनो को बराबर काउंसलिंग करवाने पर बल दिया तथा उजाला क्लिनिक हेल्पलाइन सभी जगह प्रसारित करने की भी जरूरत बताई। कार्यक्रम के दौरान आईपीई ग्लोबल डीपीएम नीलम दुबे ने परिवार नियोजन एवं अंतरा इंजेक्शन के बारे में तथा परिवार नियोजन के बारे में चर्चा करते हुए कहा की चिकित्सा विभाग के साथ मिलकर हम अंतरा इंजेक्शन के बारे में व्यापक रूप से करके लोगों महिलाओं को जागरूक कर रहे हैं। यह बच्चों में अंतर रखने के लिए आसान तरीका है। इस कार्य के लिए जिले में आशा एएनएम के साथ-साथ उड़ान सखी द्वारा भी परिवार नियोजन के बारे में जागरूक किया जा रहा है। इस पर जिला कलेक्टर ने कहा कि समाज के प्रमुख व्यक्तियों, धर्मगुरुओं द्वारा परिवार नियोजन हेतु संदेश प्रसारित करवाया जाए तथा लोंगो को छोटे परिवार के फायदों के बारे में बताये जाने की जरूरत बतायी। उन्होंने मीजल्स रूबेला टीकाकरण अभियान में अपनी सक्रिय सहभागिता निभाने के निर्देश दिए। उन्होंने शिक्षा विभाग के अधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा की ज्यादा से ज्यादा बच्चों को उजाला क्लिनिक और हेल्पलाइन नंबर के बारे में अवगत कराएं जिससे कि वह अपनी समस्याओं का समाधान कर सके। बैठक के दौरान मुख्य चिकित्सा स्वास्थ्य अधिकारी ने उपस्थित प्रतिभागियों का आभार व्यक्त करते हुए चिकित्सा विभाग की तरफ से हर संभव मदद का भरोसा दिलाया। कार्यक्रम के दौरान उप मुख्य चिकित्सा एवं स्वास्थ्य अधिकारी डॉ. चेतराम मीणा, सचिन कोठारी डीपीएम शशांक वशिष्ठ, तन्मय राज, कविता चौहान तथा विभिन्न सहयोगी संस्थाओं के प्रतिनिधि उपस्थित रहे।